लखनऊ: उत्तर प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश ने कई जिलों में जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। जगह-जगह जलभराव, बाढ़ जैसे हालात, पेड़ गिरने और कच्चे मकानों के क्षतिग्रस्त होने की घटनाएं सामने आ रही हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने भी प्रदेश के कई हिस्सों में अगले 24 घंटे के दौरान भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
Aaj Tak की रिपोर्ट के मुताबिक, बारिश से जुड़ी घटनाओं में पिछले 48 घंटे के दौरान उत्तर प्रदेश में 15 लोगों की मौत हुई है। शनिवार को ही बारिश और तेज हवाओं से जुड़ी घटनाओं में 10 लोगों की मौत और 17 लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई। 117 मकानों को नुकसान पहुंचने की भी बात कही गई है।
63 जिलों में सामान्य से ज्यादा बारिश
उत्तर प्रदेश में बारिश का असर कितना व्यापक है, इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि शनिवार को प्रदेश के 63 जिलों में सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई। रिपोर्ट के मुताबिक पिछले 24 घंटे में प्रदेश में सामान्य के मुकाबले करीब 19 गुना ज्यादा बारिश दर्ज हुई।
लगातार बारिश के कारण निचले इलाकों में पानी भर गया है। कई जगह सड़कें जलमग्न हैं और पेड़ गिरने से यातायात भी प्रभावित हुआ है। तेज हवाओं के साथ हुई बारिश से कच्चे मकानों और फसलों को भी नुकसान पहुंचा है।
अगले 24 घंटे भी भारी बारिश का खतरा
IMD के मुताबिक दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश में बने डिप्रेशन के प्रभाव से बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। पूर्वी यूपी में इसका असर अधिक रह सकता है। कुछ इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश और केंद्रीय तराई क्षेत्र में अत्यधिक भारी बारिश की आशंका जताई गई है।
मध्य और तराई यूपी के कुछ जलग्रहण क्षेत्रों में अचानक बाढ़ यानी फ्लैश फ्लड का हल्का से मध्यम खतरा भी बताया गया है। ऐसे में निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
इन जिलों में अचानक बाढ़ पर नजर
मौसम के पूर्वानुमान को देखते हुए प्रशासन को कई जिलों में सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। इनमें आजमगढ़, बलिया, गाजीपुर, गोरखपुर, बस्ती, सुल्तानपुर, अयोध्या, गोंडा, हरदोई, लखनऊ, उन्नाव, रायबरेली, बाराबंकी, अमेठी, कौशांबी और चित्रकूट शामिल हैं।
इन इलाकों में भारी बारिश के बाद जलस्तर बढ़ने और निचले क्षेत्रों में अचानक पानी आने की स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
इन जिलों में बहुत भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग के अलर्ट के अनुसार श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, रामपुर, बरेली, पीलीभीत और शाहजहांपुर समेत आसपास के क्षेत्रों में बहुत भारी से अत्यधिक भारी बारिश की आशंका जताई गई है।
वहीं लखनऊ, बस्ती, सिद्धार्थनगर, गोंडा, बलरामपुर, हरदोई, बाराबंकी, बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद, संभल और बदायूं जैसे जिलों में भी भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी गई है।
तेज हवाओं और बिजली गिरने का भी खतरा
बारिश के साथ कई इलाकों में गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार कुछ क्षेत्रों में हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे से बढ़कर करीब 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
ऐसे मौसम में खुले स्थानों पर रहने, पेड़ों के नीचे खड़े होने और जलभराव वाले रास्तों से गुजरने से बचने की सलाह दी जाती है।
मुरादाबाद से लखनऊ तक जलभराव
भारी बारिश के कारण प्रदेश के कई शहरों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। मुरादाबाद के कई इलाकों में पानी भरने की खबर है। बारिश और तेज हवाओं के कारण जगह-जगह पेड़ गिरे हैं, जबकि कई स्थानों पर कच्चे मकानों की दीवारें भी ढह गईं।
लखनऊ समेत कई जिलों में भी लगातार बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ाई हैं। शनिवार को बांदा में 227 मिलीमीटर और लखनऊ में 136 मिलीमीटर बारिश दर्ज किए जाने की रिपोर्ट सामने आई।
लोगों को सतर्क रहने की सलाह
लगातार बारिश और संभावित फ्लैश फ्लड को देखते हुए लोगों को स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों पर नजर रखने की सलाह दी गई है। खासतौर पर निचले इलाकों और जलभराव वाले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है।
फिलहाल यूपी में बारिश का दौर थमता नजर नहीं आ रहा है। ऐसे में अगले 24 घंटे प्रदेश के कई जिलों के लिए महत्वपूर्ण रहने वाले हैं।