मुंबई। बॉलीवुड अभिनेत्री कृति सेनन इन दिनों एक रक्षाबंधन विज्ञापन को लेकर चर्चा में हैं। ज्वेलरी ब्रांड GIVA ने कृति सेनन वाले अपने रक्षाबंधन कैंपेन को सोशल मीडिया पर हुए विवाद के बाद वापस ले लिया है। विज्ञापन में कृति के पहनावे को लेकर एक वर्ग ने आपत्ति जताई थी। इसके बाद सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई और अभिनेत्री कंगना रनौत समेत कुछ लोगों ने भी विज्ञापन की आलोचना की।
क्या था पूरा मामला?
GIVA के रक्षाबंधन विज्ञापन में कृति सेनन को राखी का त्योहार मनाते हुए दिखाया गया था। इस दौरान उन्होंने ब्रालेट-स्टाइल ब्लाउज, केप और ड्रेप्ड स्कर्ट वाला इंडो-वेस्टर्न आउटफिट पहना था।
विज्ञापन सामने आने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स के एक वर्ग ने उनके पहनावे को लेकर सवाल उठाए। आलोचकों का कहना था कि रक्षाबंधन जैसे पारंपरिक त्योहार पर विज्ञापन का लुक भारतीय सांस्कृतिक भावनाओं के अनुरूप नहीं था।
कंगना रनौत ने भी साधा निशाना
विवाद बढ़ने के बाद अभिनेत्री और सांसद कंगना रनौत ने भी विज्ञापन पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कृति के आउटफिट को लेकर सवाल उठाते हुए रक्षाबंधन के संदर्भ में इस तरह के पहनावे पर आपत्ति जताई।
कंगना की टिप्पणी के बाद विवाद और ज्यादा चर्चा में आ गया। सोशल मीडिया पर विज्ञापन के पक्ष और विरोध में लोगों की प्रतिक्रियाएं सामने आने लगीं।
कृति सेनन ने ट्रोलर्स को दिया जवाब
विज्ञापन पर हो रही आलोचना के बाद कृति सेनन ने सोशल मीडिया पर अपना पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि त्योहार की अहमियत कपड़ों से ज्यादा उससे जुड़ी भावनाओं और परंपराओं में होती है।
कृति ने यह भी सवाल उठाया कि किसी महिला के पहनावे के आधार पर उसकी संस्कृति और परंपराओं के प्रति सम्मान को क्यों तय किया जाना चाहिए। उन्होंने रक्षाबंधन को भाई-बहन के बीच प्यार, सुरक्षा और भावनात्मक रिश्ते का त्योहार बताया।

GIVA ने क्यों हटाया विज्ञापन?
विवाद के बीच GIVA ने बुधवार को अपना आधिकारिक बयान जारी किया। कंपनी ने कहा कि उसे भारतीय संस्कृति, परंपराओं और त्योहारों के प्रति पूरा सम्मान है।
ब्रांड के मुताबिक, इस कैंपेन का उद्देश्य रक्षाबंधन की खुशी को परिवार और पालतू जानवरों तक पहुंचाने की भावना दिखाना था। हालांकि, अगर विज्ञापन से समाज के किसी वर्ग की भावनाएं अनजाने में आहत हुई हैं, तो ऐसा करना कंपनी का उद्देश्य नहीं था। इसी वजह से GIVA ने विज्ञापन को सभी मीडिया प्लेटफॉर्म से वापस लेने का फैसला किया।
कृति की बहन नूपुर भी आईं समर्थन में
इस विवाद में कृति सेनन की बहन नूपुर सेनन ने भी उनका समर्थन किया। उन्होंने आलोचना करने वालों से सवाल किया कि जब राखी बांधने वाली बहन और राखी बंधवाने वाले व्यक्ति को आपत्ति नहीं है, तो दूसरों को क्यों परेशानी हो रही है।
इस तरह यह मामला केवल एक विज्ञापन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि सोशल मीडिया पर कपड़ों, परंपरा, महिलाओं की पसंद और त्योहारों के आधुनिक चित्रण को लेकर बड़ी बहस में बदल गया।
विवाद के बाद ब्रांड ने लिया यू-टर्न
दिलचस्प बात यह है कि GIVA का विज्ञापन उस समय वापस लिया गया जब कृति सेनन खुद अपने पहनावे का बचाव कर चुकी थीं। ब्रांड ने अपने बयान में किसी व्यक्ति या आलोचक को सीधे तौर पर जिम्मेदार नहीं ठहराया, बल्कि सांस्कृतिक भावनाओं का सम्मान करते हुए विज्ञापन हटाने की बात कही।
अब सोशल मीडिया पर इस फैसले को लेकर भी अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कुछ लोग इसे ब्रांड का सही कदम बता रहे हैं, जबकि कुछ का मानना है कि विज्ञापन को विवाद के दबाव में हटाना उचित नहीं था।