चमोली।
उत्तराखंड के चमोली में निर्माणाधीन जल विद्युत परियोजना की सुरंग एक बार फिर बड़े हादसे की गवाह बनी।
हादसा विष्णुगाड-पीपलकोटी परियोजना की टीआरटी (टेल रेस टनल) में हुआ। यहां गुरुवार शाम काम के दौरान हुए भूस्खलन ने मजदूरों को संभलने का मौका तक नहीं दिया।
पानी के तेज बहाव के साथ पत्थर और भारी मलबा सुरंग में घुस गया।
हादसे में तीन मजदूरों की मौत की सूचना है, जबकि 13 घायलों को बाहर निकालकर अस्पताल भेजा गया है।
कुछ अन्य मजदूरों के अभी भी मलबे में दबे होने की आशंका के चलते रातभर राहत-बचाव अभियान जारी रहा।
चमोली, उत्तराखंड। चमोली जिले के मायापुर पीपलकोटी इलाके में THDC की बन रही सुरंग में अचानक मलबा और पानी भरने की घटना के बाद SDRF की टीमों ने जरूरी बचाव उपकरणों के साथ बचाव अभियान शुरू किया।
(सोर्स: SDRF) pic.twitter.com/3eko0BRAM3
— ANI_HindiNews (@AHindinews) August 13, 2026
150 मीटर दूर खिसकी पहाड़ी, टनल तक पहुंचा मलबा
हादसा बृहस्पतिवार शाम करीब 6:10 बजे हुआ।
उस समय मजदूर टेल रेस टनल में सरिया वेल्डिंग का काम कर रहे थे।
बताया गया कि काम वाली जगह से करीब 150 मीटर दूर अचानक भूस्खलन हुआ।
इसके बाद पानी के साथ पत्थर और मलबा तेजी से सुरंग के भीतर पहुंच गया।
कई मजदूर इसकी चपेट में आ गए। देखते ही देखते टनल के अंदर अफरा-तफरी मच गई।
13 मजदूरों को निकाला, अस्पताल में इलाज जारी
हादसे की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस की टीमें मौके पर पहुंच गईं।
इसके बाद SDRF, NDRF, ITBP और सेना को भी राहत अभियान में लगाया गया।
रात करीब 9 बजे तक 13 घायल मजदूरों को टनल से बाहर निकालकर जिला अस्पताल गोपेश्वर भेजा गया।
हालांकि, राहत दलों को आशंका है कि कुछ मजदूर अभी भी मलबे के नीचे या सुरंग के प्रभावित हिस्से में फंसे हो सकते हैं।
#WATCH चमोली, उत्तराखंड: THDC प्रोजेक्ट हेड अजय वर्मा ने कहा, "अब तक मिली जानकारी के मुताबिक, वहां कुल 22 लोग काम कर रहे थे। हमारी टीमें बाकी 4-5 लोगों को बचाने के लिए अंदर गई हैं और जो मशीन लोडर हमने भेजा था, वह पानी में फंसकर खराब हो गया, इसलिए हम किसी दूसरे तरीके से उनकी मदद… https://t.co/uGy9dA5scb pic.twitter.com/FWVedZ3zsW
— ANI_HindiNews (@AHindinews) August 13, 2026