बारिश बनी आफत! केदारनाथ में लैंडस्लाइड, 4 हजार श्रद्धालु फंसे; UP-बिहार में बाढ़

केदारनाथ मार्ग पर लैंडस्लाइड से करीब 4 हजार श्रद्धालु फंसे हैं। उत्तर प्रदेश में लगातार बारिश से 57 मौतें हुईं। बिहार में कोसी-गंडक उफान पर हैं और कई गांव बाढ़ से प्रभावित हैं।

नई दिल्ली।

देश के कई हिस्सों में लगातार बारिश ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं।

उत्तराखंड में पहाड़ दरक रहे हैं।

वहीं, उत्तर प्रदेश में आंधी-बारिश ने जनजीवन प्रभावित किया है।

बिहार में भी नदियां उफान पर हैं।

इससे कई इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।

केदारनाथ मार्ग पर लैंडस्लाइड, 4 हजार यात्री फंसे

उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग में केदारनाथ यात्रा मार्ग पर बड़ा लैंडस्लाइड हुआ है।

इससे करीब 4 हजार श्रद्धालु रास्ते में फंस गए हैं।

पहाड़ी से लगातार मलबा गिर रहा है।

इसलिए मार्ग को खोलने में परेशानी आ रही है।

खराब मौसम को देखते हुए आज केदारनाथ यात्रा रोक दी गई है।

इसके साथ ही हेलीकॉप्टर सेवा भी बंद कर दी गई है।

प्रशासन की नजर मौसम और सड़क की स्थिति पर बनी हुई है।

उत्तराखंड में भारी बारिश का अलर्ट

प्रदेश के सभी जिलों में तेज बारिश का दौर जारी है।

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मौसम विभाग ने कई जिलों के लिए अलर्ट जारी किया है।

देहरादून, टिहरी, हरिद्वार और पौड़ी में रेड अलर्ट है।

वहीं, उत्तरकाशी, चमोली, नैनीताल और रुद्रप्रयाग में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।

इसके अलावा बागेश्वर, अल्मोड़ा, चंपावत, ऊधम सिंह नगर और पिथौरागढ़ में यलो अलर्ट है।

बारिश के साथ पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन का खतरा भी बढ़ गया है।

ऐसे में यात्रा मार्गों पर विशेष सतर्कता बरती जा रही है।

UP में 65 घंटे से बारिश, 57 लोगों की मौत

उत्तर प्रदेश में भी मौसम ने परेशानी बढ़ा दी है।

लखनऊ, कानपुर, उन्नाव, बाराबंकी, अयोध्या और जौनपुर समेत कई शहरों में लगातार बारिश हो रही है।

करीब 65 घंटे से जारी बारिश के बीच तेज हवाएं भी चल रही हैं।

इनकी रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक बताई गई है।

बारिश और आंधी के कारण कई जगह पेड़ और बिजली के पोल गिर गए।
इससे बिजली आपूर्ति और यातायात प्रभावित हुआ है।

वहीं, कई इलाकों में खेतों में पानी भर गया।

इससे किसानों की सैकड़ों बीघा फसल खराब होने की बात सामने आई है।

22 जिलों में अचानक बाढ़ का खतरा

लगातार बारिश के कारण उत्तर प्रदेश के करीब 22 जिलों में अचानक बाढ़ का खतरा बना हुआ है।

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प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाई है।

आंधी और बारिश से पिछले दो दिनों में 57 लोगों की मौत होने की बात सामने आई है।

हालांकि, अलग-अलग जिलों से नुकसान की रिपोर्ट लगातार अपडेट हो रही है।

नेपाल में फिर लैंड स्लाइड की खबर

इधर,नेपाल में फिर लैंड स्लाइड की खबर है।

रविवार को कफालडंडा इलाके में पहाड़ों से पत्थर व मलबा हजारों फीट नीचे गिरते नजर आया।

हालांकि अब तक इससे किसी तरह के नुकसान की कोई खबर नहीं है।

बहरहाल,नेपाल के तराई क्षेत्र में लगातार बारिश का असर बिहार की नदियों पर पड़ा है।

बिहार में कोसी-गंडक उफान पर

अब बिहार की स्थिति भी चिंता बढ़ा रही है।

राज्य में करीब 72 घंटे से बारिश का दौर जारी है।

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नेपाल के तराई क्षेत्र में लगातार बारिश का असर बिहार की नदियों पर पड़ा है।

कोसी और गंडक नदी का जलस्तर बढ़ गया है।

इससे कई निचले इलाकों में बाढ़ का पानी पहुंच गया है।

करीब 17 जिलों के 6 हजार गांवों के प्रभावित होने की बात सामने आई है।

वहीं, करीब 500 घर बाढ़ के पानी से घिर गए हैं।

सुपौल के करीब 50 गांवों में भी बाढ़ जैसे हालात बने हुए हैं।

🌊 तीन राज्यों में बारिश ने बढ़ाई चिंता

उत्तराखंड में पहाड़ दरक रहे हैं।

उत्तर प्रदेश में आंधी और बारिश से नुकसान बढ़ रहा है।

बिहार में नदियां उफान पर हैं।

ऐसे में पहाड़ से मैदान तक मौसम की मार दिखाई दे रही है।

प्रशासन की चुनौती अब राहत, बचाव और प्रभावित लोगों तक मदद पहुंचाने की है।