इस गीत की रचना जिले की गौहरगंज तहसील अंतर्गत आने वाले बढ़वाई के लोक कलाकार गयाप्रसाद प्रजापति ने की थी।
गीत में महंगाई को ‘डायन’ के रूप में चित्रित किया गया है, जो आम आदमी की आय और जीवन स्तर को लगातार निगल रही है।
सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म के विस्तार ने इस गीत को नई पीढ़ी तक पहुंचाया है।