NEET-2 से पहले हाई अलर्ट: नागपुर के छात्र का सेंटर पहुंचा अबू धाबी, सुरक्षा को लेकर पुलिस कर रही मॉक ड्रिल

NEET-UG से पहले सेंटर अलॉटमेंट की गड़बड़ियां सामने आईं। NTA ने सुधार किया, जबकि 22.79 लाख छात्रों की परीक्षा के लिए देशभर में मॉक ड्रिल और कड़ी सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई।

नईदिल्ली।

देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET-UG 2026 का दूसरी बार आयोजन रविवार 21 जून को होगा। इसके लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। पुलिस जगह—जगह मॉक ड्रिल कर सुरक्षा अभ्यास कर रही है। परीक्षा में 22.79 लाख फिर से अपना भाग्य आजमा रहे हैं। इनके लिए पांच हजार से अधिक परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं,लेकिन इसी बीच नागपुर व भुवनेश्वर से आई खबरों ने परीक्षा इंतजामों पर एक बार फिर सवाल खड़े किए।

अबू धाबी सेंटर देख चौंका छात्र

परीक्षा से ठीक एक दिन पहले एक चौंकाने वाला मामला सामने आया। नागपुर के एक छात्र के एडमिट कार्ड में परीक्षा केंद्र भारत की जगह अबू धाबी (यूएई) दिखाई दिया। सोशल मीडिया पर मामला वायरल होने के बाद NTA को सफाई देनी पड़ी और छात्र का सेंटर दोबारा नागपुर में आवंटित किया गया।

इसी तरह ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर की एक छात्रा को 2300 किलोमीटर दूर देहरादून का सेंटर मिलने की शिकायत भी सामने आई। बाद में उसका परीक्षा केंद्र भी संशोधित किया गया।

मल्टी-लेयर सिस्टम से सुरक्षा

इन घटनाओं के बीच NTA और सुरक्षा एजेंसियां परीक्षा को लेकर पूरी तरह अलर्ट मोड में हैं। पेपर लीक और परीक्षा अनियमितताओं के पिछले विवादों के बाद इस बार देशभर में परीक्षा केंद्रों पर पुलिस, जिला प्रशासन और केंद्रीय एजेंसियों की संयुक्त मॉक ड्रिल कराई गई। अधिकारियों के अनुसार परीक्षा केंद्रों पर मल्टी-लेयर सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है।

22.79 लाख परीक्षार्थी,5000 से ज्यादा सेंटर

रविवार को होने वाली परीक्षा में देश और विदेश के 565 शहरों में 22.79 लाख से अधिक अभ्यर्थी शामिल होंगे। इसके लिए 5000 से ज्यादा परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा संचालन में दो लाख से ज्यादा कर्मचारी, 674 सिटी कोऑर्डिनेटर और 6669 ऑब्जर्वर तैनात किए गए हैं।

NTA का दावा है कि इस बार परीक्षा की निगरानी पहले से कहीं अधिक सख्त होगी ताकि पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित की जा सके।