भोपाल(9826019364)।
मध्य प्रदेश के 1 लाख 21 हजार 804 मेधावी विद्यार्थियों को मंगलवार को सरकार की ओर से बड़ी प्रोत्साहन राशि मिली।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हर विद्यार्थी के खाते में लैपटॉप खरीदने के लिए 25-25 हजार रुपए ट्रांसफर किए।
इसके लिए 304 करोड़ रुपए से अधिक की राशि जारी की गई।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने 10 विद्यार्थियों को मंच पर लैपटॉप भी भेंट किए।
हालांकि, इस कार्यक्रम का सबसे खास हिस्सा केवल राशि वितरण नहीं रहा।
CM ने विद्यार्थियों के सपनों और संघर्षों को भी सुना।
NEET-JEE-CUET क्लियर करने वाले बच्चों से मिले CM

कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित कार्यक्रम में कई प्रतिभाशाली विद्यार्थियों ने अपनी सफलता की कहानी साझा की।
कुछ विद्यार्थियों ने 12वीं के साथ NEET, JEE मेन्स और CUET जैसी प्रतियोगी परीक्षाएं भी पास कीं।
ओम चौकसे ने बताया कि उन्होंने 12वीं के साथ NEET, JEE मेन्स और CUET क्लियर किया है।
यह सुनकर मुख्यमंत्री ने उनकी तारीफ करते हुए कहा—“आदमी छोटा, लेकिन छलांग बड़ी है।”
ओम डॉक्टर बनना चाहते हैं।
उनके पिता बैग बनाने का काम करते हैं।
तन्वी ने बताया कि उन्होंने 12वीं के साथ NEET पास किया और पहली कोशिश में मेडिकल कॉलेज में प्रवेश लिया।
अरिमा इमरान ने डॉक्टर बनकर गरीबों की सेवा करने की इच्छा जताई। वहीं अभिषेक ने इसरो में वैज्ञानिक बनने का सपना बताया।
97.2% पाने वाला छात्र बोला- राजनीति में जाना है
97.2 प्रतिशत अंक हासिल करने वाले धीरेंद्र सिंह बुंदेला ने मुख्यमंत्री को बताया कि वे UPSC की तैयारी करना चाहते हैं।
इसके बाद उनका सपना राजनीति में आने का है।
उन्होंने कहा कि अलग-अलग जगहों पर लोगों की परेशानियां देखकर राजनीति के माध्यम से उनकी समस्याएं दूर करने का विचार आया।
इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि देश को पढ़े-लिखे और योग्य राजनेताओं की जरूरत है।
हिमांशी बोलीं- नौकरी नहीं, नौकरी देने वाली बनूंगी

95 प्रतिशत अंक हासिल करने वाली हिमांशी पाठक ने कहा कि वह एंटरप्रेन्योर बनना चाहती हैं।
उनका सपना नौकरी करने से आगे बढ़कर अपना व्यवसाय खड़ा करना है।
उन्होंने कहा कि वह नौकरी पाने वाली नहीं, बल्कि नौकरी देने वाली बनना चाहती हैं।
हिमांशी ने मुख्यमंत्री को बताया कि उन्होंने पहले ही ऐसा सपना देखा था कि वे इसी तरह के मंच पर CM के साथ खड़ी होकर बात करेंगी।
उनकी बात सुनकर सभागार तालियों और ठहाकों से गूंज उठा।
“सफलता को सिर पर मत चढ़ने दो”
मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों को सफलता का संदेश देते हुए कहा कि अच्छे अंक हासिल करना महत्वपूर्ण है,
लेकिन सफलता को सिर पर नहीं चढ़ाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि असफलता से निराश होने के बजाय अपनी गलतियों से सीखना चाहिए।
CM ने पत्थर और मूर्तिकार का उदाहरण भी दिया।
उनके अनुसार, छेनी और हथौड़े की चोट सहने वाला पत्थर ही आगे चलकर सुंदर मूर्ति बनता है।
इसी तरह जीवन की चुनौतियां व्यक्ति को मजबूत बनाती हैं।
“गणतंत्र दिवस के लड्डू के लिए तरसते थे”
मुख्यमंत्री ने अपने संघर्ष के दिनों को भी याद किया।
उन्होंने कहा कि एक समय ऐसा था, जब गणतंत्र और स्वतंत्रता दिवस पर मिलने वाले लड्डू के लिए भी इंतजार रहता था।
आज परिस्थितियां बदल गई हैं।
अब विद्यार्थियों को पढ़ाई और डिजिटल शिक्षा के लिए लैपटॉप जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
CM बोले- सिर्फ डॉक्टर-इंजीनियर नहीं, किसान और राजनेता भी बनें
मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों से पूछा कि कितने बच्चे खेती-किसानी से जुड़े परिवारों से आते हैं।
उन्होंने कहा कि बच्चे डॉक्टर, इंजीनियर और वकील बनने का सपना देखते हैं, लेकिन किसान बनने की इच्छा कम ही जताते हैं।
CM ने कहा कि खेती के बिना समाज नहीं चल सकता।
इसी तरह पढ़े-लिखे युवाओं को राजनीति में भी आगे आना चाहिए। इससे बेहतर नेतृत्व और जनप्रतिनिधि तैयार होंगे।
नॉलेज और स्किल सफलता के दो मित्र
मुख्यमंत्री ने कहा कि ज्ञान और कौशल सफलता के दो जरूरी साथी हैं।
ज्ञान जीवनभर व्यक्ति के साथ रहता है। वहीं कौशल उसे काम में दक्ष बनाता है।
इसलिए विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ अपनी स्किल्स पर भी काम करना चाहिए।
उन्होंने युवाओं से बड़े लक्ष्य तय करने और लगातार मेहनत करने का आह्वान किया।
473 से शुरू हुई योजना, अब 1.21 लाख विद्यार्थी लाभान्वित
मुख्यमंत्री ने बताया कि मेधावी विद्यार्थियों को लैपटॉप देने की योजना की शुरुआत 473 विद्यार्थियों से हुई थी।
पिछले वर्ष करीब 92 हजार विद्यार्थियों को इसका लाभ मिला था।
इस वर्ष यह संख्या बढ़कर 1 लाख 21 हजार 804 हो गई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि लैपटॉप केवल एक उपकरण नहीं है।
इसके जरिए विद्यार्थी डिजिटल लर्निंग, ई-लाइब्रेरी और ऑनलाइन पाठ्य सामग्री तक आसानी से पहुंच सकेंगे।
उन्होंने सरकारी स्कूलों के शिक्षकों और प्राचार्यों के प्रयासों की भी सराहना की।
CM के अनुसार, सीमित संसाधनों के बावजूद सरकारी स्कूलों के विद्यार्थी बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं।
Key Words
मध्य प्रदेश लैपटॉप योजना, CM मोहन यादव, मेधावी विद्यार्थी प्रोत्साहन योजना,
1.21 लाख विद्यार्थी, 25 हजार रुपए, प्रतिभाशाली विद्यार्थी, NEET, JEE, CUET