भैरूंदा,(सीहोर), संवाददाता कन्हैया नाथ।
शेखपुरा चांदबड़ निवासी तेजुबाई नाथ ने अपनी पुत्री पूजा बाई नाथ की संदिग्ध मौत की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने पुलिस अधीक्षक सीहोर को आवेदन देकर दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की थी। परिजनों का आरोप था कि मंडी थाना पुलिस ने शिकायत दर्ज करने के बजाय उन्हें कई दिनों तक थाने के चक्कर लगवाए।
मां ने लगाई न्याय की गुहार


परिजनों के अनुसार, पूजा बाई नाथ विधवा थीं और अपनी दो बेटियों तथा वृद्ध मां के भरण-पोषण के लिए सीहोर स्थित नाकोड़ा बायो फ्यूल कंपनी में कार्यरत थीं। वह 14 जून 2026 की सुबह करीब 8 बजे घर से ड्यूटी पर जाने के लिए निकली थीं, लेकिन शाम तक वापस नहीं लौटीं।
परिवार का कहना है कि 17 जून को वेदांता हार्ट केयर हॉस्पिटल से फोन आया। वहां पहुंचने पर बताया गया कि पूजा बाई के सिर में गंभीर चोट लगी है। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें भोपाल के चिरायु अस्पताल रेफर किया गया, जहां उसी दिन उनकी मृत्यु हो गई।
परिजनों का कहना है कि सिर में चोट किन परिस्थितियों में लगी, इसकी जानकारी उन्हें नहीं दी गई। उन्होंने घटना को संदिग्ध बताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है।
एसपी तक पहुंची शिकायत, दो लोगों पर मामला दर्ज
सूत्रों के अनुसार, मामला पुलिस अधीक्षक सोनाक्षी सक्सेना के संज्ञान में आने के बाद मंडी पुलिस सक्रिय हुई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुनीता रावत ने जनप्रचार को बताया कि मामले में पहले से मर्ग कायम था। विवेचना के दौरान मिले तथ्यों के आधार पर संबंधित कंपनी के दो लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 106 के तहत आपराधिक प्रकरण दर्ज किया गया है।
हालांकि, परिजन अब भी घटना की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग पर अड़े हुए हैं। मामले की जांच जारी है।