भोपाल।
मोहन यादव सरकार ने स्कूली बच्चों की यूनिफॉर्म से लेकर ग्रामीण आबादी की जमीनों तक कई अहम फैसले लेकर विकास और जनकल्याण के एजेंडे को आगे बढ़ाने का प्रयास किया है।


कैबिनेट ने कक्षा 1 से 8वीं तक के विद्यार्थियों को तैयार यूनिफॉर्म उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है। अभी तक बच्चों के खातों में डीबीटी के माध्यम से 600 रुपए भेजे जाते थे, लेकिन अब सरकार टेंडर के जरिए कपड़ा खरीदकर यूनिफॉर्म सिलवाकर वितरित करेगी।
बैठक में स्वामित्व योजना को लेकर भी बड़ा निर्णय लिया गया। प्रदेश के 55 जिलों में ड्रोन और सैटेलाइट सर्वे के जरिए चिन्हित की गई करीब 48.80 लाख निजी संपत्तियों के मालिकों को अब रजिस्ट्रीकृत दस्तावेज उपलब्ध कराए जाएंगे।
कैबिनेट बैठक में गेहूं उपार्जन की समीक्षा भी की गई। सरकार ने दावा किया कि इस वर्ष देश में सबसे अधिक गेहूं खरीदी मध्य प्रदेश में हुई है।
समान नागरिक संहिता (यूसीसी) को लेकर भी बैठक में चर्चा हुई। सरकार ने बताया कि प्रदेशभर से सुझाव लेने की प्रक्रिया जारी है और इसे 30 जुलाई तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके बाद प्राप्त सुझावों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।














