इंदौर।सातवीं 2 दिवसीय ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट का बुधवार को समापन हो गया है। समिट में सरकार को 15 लाख 42 हजार 514 करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव मिले है। इससे 29 लाख रोजगार के नए अवसर सृजित होने की उम्मीद है।
इससे पहले समिट के दूसरे दिन आखिरी सत्र में ‘तीन साल में भारत की इकोनॉमी को 5 ट्रिलियन में मप्र के योगदान’ विषय पर चर्चा की गई। सेशन में राज्य सरकार की ओर से बताया गया कि 2026-27 तक मप्र की इकोनॉमी 41 लाख करोड़ हो जाएगी।
समिट के समापन समारोह में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने निवेशकों से कहा कि आपके निवेश की एक पाई भी व्यर्थ नहीं जाने दी जाएगी, उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश ऊंची उड़ान भरने के लिए टेक ऑफ कर रहा है। वहीं ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह को एमपी का शिल्पकार बताया। समापन सत्र को केंद्रीय मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर, वीरेन्द्र कुमार खटीक, फग्गन सिंह कुलस्ते समेत विभिन्न देशों के प्रतिनिधियों और उद्योगपतियों ने भी संबोधित किया।
आपके निवेश की एक पाई भी जाया नहीं जाने देंगे: शिवराज
ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट के समापन सत्र को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री चौहान ने बताया कि समिट में 84 देशों के प्रतिनिधियों ने पार्टिसिपेट किया है। 447 इंटरनेशनल बिजनेस डेलीगेट्स, 401 इंटरनेशनल बॉयर्स शामिल हुए। 5 हजार से ज्यादा डेलीगेट्स आए। जी-20 के सभी देश आए। सीएम शिवराज सिंह ने कहा कि मैं एमपी के सीईओ के रूप में आपको विश्वास दिलाता हूं कि आपके निवेश की एक पाई भी जाया नहीं जाने देंगे। आपको हर वो सुविधा देंगे कि आप आगे भी निवेश के लिए तैयार रहेंगे। उन्होंने कहा कि संवाद, सहयोग, नीति के अनुसार सुविधाएं, स्वीकृतियां, सिंगल विंडो, समन्वय ये हमारी रणनीति है। इस पर अमल करते हुए एमपी को आगे बढ़ाने का काम करेंगे।
निवेशकों से हाथ नहीं दिल भी मिलाया
मुख्यमंत्री ने बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि उद्योगपतियों को जमीन मिल गई तो उद्योग के लिए अनुमति नहीं लेना पड़ेगी। शुरुआत में किसी प्रकार का निरीक्षण-परीक्षण नहीं होगा। निवेशकों से हाथ नहीं दिल भी मिलाया है।
सीएम शिवराज सिंह ने कहा कि MP ऊंची उड़ान भरने के लिए टेक ऑफ कर रहा है। शिवराज ने कहा, मैं तो दुबला पतला आदमी हूं, हाथ मिला मिलाकर ही हाथ दुखने लगा है। लेकिन ये अद्भुत प्यार रहा। यही भारत के संस्कार भी है।
बनेगा 10 हजार लोगों की क्षमता का कन्वेशन सेंटर
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि इंदौर अद्भुत है।यहाँ 10 हजार लोगों की क्षमता का एक और कन्वेशन सेंटर बनाया जाएगा।इंदौर से एमपी में निवेश का नया दौरा प्रारंभ हो रहा है। अभी तो हम आंकड़े गिन रहे है। जाते-जाते भी लोग कह रहे हैं कि एमपी में निवेश करेंगे। निवेश की आइडियल डेस्टिनेशन मध्यप्रदेश है।
हमने 18 साल में शून्य से शिखर तक का सफर तय किया है। बीमारू से हम अग्रणी राज्यों में शुमार हैं। संसाधन से संपन्न है। शांति का टापू है। अध्यात्म में अव्वल है। पर्यटन में बेजोड़ है। हमने अपनी कोर क्षमताओं को ही अपनी शक्ति बनाया। मुख्यमंत्रीने अपने संबोधन में कहा कि ये विदाई की वेला है। विदाई का मतलब परमानेंट विदाई नहीं है। जिसने इन्टेंट ऑफ इनवेस्ट दिया, उन्हें मैं छोड़ूंगा नहीं। हमने आपको प्रेम के बंधन में बांधा है।
15 लाख 42 हजार 514 करोड़ का निवेश प्रस्ताव आए, 29 लाख रोजगार मिलेंगे
इंदौर में आयोजित 2 दिवसीय ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट 2023 में सरकार को करीब 15 लाख 42 हजार 514 करोड़ के निवेश-इंटेंट मिले है। इससे रोजगार के लगभग 29 लाख नए अवसर सृजित होने की उम्मीद है।
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किस सेक्टर में कितने रुपए के निवेश के प्रस्ताव
सेक्टर – निवेश – रोजगार
रीनूवल एनर्जी (नवकरणीय ऊर्जा)– 6 लाख 9 हजार 478 करोड़–11 लाख 84 हजार 954
अरबन इंफ्रास्ट्रक्चर- 2 लाख 80 हजार 753 करोड़ –4 लाख 50 हजार 127
फूड प्रोसेसिंग –1 लाख 6 हजार 149 करोड़– 2 लाख 20 हजार 160
आईटी –78 हजार 778 करोड़ –2 लाख 22 हजार 371
केमिकल एवं पेट्रोलियम उत्पाद –76 हजार 769 करोड़ –71 हजार 704
सर्विसेज नियरिंग और ईवी – 42 हजार 254 करोड़ – 69 हजार 962
फार्मा और हेल्थ केयर –17 हजार 951 करोड़ – 1 लाख 42 हजार 614
लॉजिस्टिक और वेयर हाउसिंग –17 हजार 916 करोड़ –56 हजार 373
टेक्सटाइल और रेडीमेड गारमेंट्स –16 हजार 914 करोड़ –1 लाख 13 हजार 502
अन्य –1 लाख 25 हजार 855 करोड़ –1 लाख 24 हजार 168
कुल- 15 लाख 42 हजार 514 करोड़ –लगभग 29 लाख
मध्यप्रदेश के किस क्षेत्र के लिए कितने के निवेश प्रस्ताव
क्षेत्र निवेश प्रस्ताव
मालवा-निमाड़ 6 लाख 95 हजार 258 करोड़ रुपए
रीवा, शहडोल 2 लाख 88 हजार 179 करोड़ रुपए
जबलपुर-सागर 2 लाख 41 हजार 898 करोड़ रुपए
भोपाल-नर्मदापुरम 1 लाख 65 हजार 59 करोड़ रूपए
ग्वालियर-चंबल 1 लाख 52 हजार 147 करोड़ रुपए
ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट में 84 देशों के प्रतिनिधियों ने पार्टिसिपेट किया। 447 इंटरनेशनल बिजनेस डेलीगेट्स, 401 इंटरनेशनल बायर्स शामिल हुए।
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भारत आज 5वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था: सिंधिया
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने समापन सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश लगातार ग्रोथ कर रहा है। सरकार हर क्षेत्र में उद्योग के अनकूल माहौल तैयार कर रही है।
लगातार इनवेस्टमेंट बढ़ रहा है। संयुक्त विकास के संकल्प के साथ प्रधानमंत्री मोदी कार्य कर रहे हैं। कोरोना काल में केंद्र और राज्य सरकार ने मिलकर काम किया। डिजिटल ट्रांजेक्शन को बढ़ावा दिया गया। भारत आज 5वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गया है। आने वाले समय में भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनेगा।
शिवराज सिंह मध्यप्रदेश के शिल्पकार
केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने मप्र को निवेश का प्राइम डेस्टिनेशन बताते हुए कहा, जैसा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि मप्र अजब भी है, गजब भी है और सजग भी है। कभी मध्यप्रदेश पर बीमारू टैग लगा था। मध्यप्रदेश के शिल्पकार के रूप में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने अथक प्रयास से मप्र की सूरत बदल दी। शिवराज सिंह के नेतृत्व में एमपी की जीडीपी लगातार बढ़ रही है। ।
शिवराज ने मजबूत संकल्प के साथ काम किया: तोमर
केंद्रीय कृषि मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा कि इंदौर में इस साल का आगाज शुभ संदेश दे रहा है। यहां NRI सम्मेलन हुआ, प्रधानमंत्री मोदी आए, राष्ट्रपति आईं, ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट हुई, G-20 के कार्यक्रम भी होने वाले है।
शिवराज सरकार और जनता ने इस सभी के लिए भव्य तैयारियां की। इन कार्यक्रमों के लिए इंदौर को याद किया जाएगा।
एक समय था जब कुछ कारखाने और कुछ ही उद्योगपति मप्र में काम करते थे। वो भी यहां से जाने की सोचने लगे थे। लेकिन शिवराज सिंह ने जब से काम संभाला। तब से हालात बदलने लगे। ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट जैसे आयोजन होने लगे। एक मनुष्य का संकल्प मजबूत हो, तो कुछ भी असंभव नहीं है। शिवराज सिंह ने राज्य के विकास के लिए मजबूत संकल्प के साथ काम किया।
मध्यप्रदेश में बहुत संभावनाएं: कुलस्ते
केंद्रीय मंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने अपने संबोधन में कहा कि मध्यप्रदेश में बहुत संभावनाएं है, आपने इन 2-4 दिनों में देखा है।
इस्पात के क्षेत्र में जो ग्रोथ हमने किया है, वो अद्भूत है।प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व और उनकी इच्छा शक्ति से लगातार आगे बढ़ रहे हैं।
सरकार हर तरह की सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए तैयार है।
आकर्षित हो रहे निवेशक: खटीक
केंद्रीय मंत्री वीरेन्द्र कुमार खटीक ने अपने संबोधन में कहा कि विदेशों से आए प्रतिनिधियों ने जिस विश्वास के साथ जो अपनी बात रखी, उन्होंने 20 साल पहले की स्थिति और उसके बाद आए बदलाव को बयां किया। कई राज्यों में इस तरह के कार्यक्रम होते हैं, उसमें सिर्फ अनुबंध होते है। लेकिन मध्यप्रदेश में हर क्षेत्र में संभावनाएं है, हमारी सरकार इंवेस्टर्स को हर तरह का सहयोग कर रही है। जिससे इंवेस्टर्स आकर्षित हो रहे हैं।
सिंगरौली में खुलेगा माइनिंग इंस्टीट्यूट
इससे पहले मप्र सरकार में आर्थिक सलाहकार सचिन चतुर्वेदी ने बताया कि मध्यप्रदेश की इकोनॉमी ग्रोथ पिछले दस साल में 14.1 प्रतिशत सालाना रही है। एक्सपोर्ट्स 2021-2022 में 21 प्रतिशत रहा है। कृषि व टेक्नोलॉजी क्षेत्र में फोकस किया जा रहा है, बायो इकोनॉमी को आगे बढ़ाने की तरफ बढ़ रहे हैं।
15 निवेशकों ने इस ओर रुझान जताया है। माइनिंग इंस्टीट्यूट सिंगरौली में आने वाला है। फूड प्रोसेसिंग क्लस्टर, सेमी कंडक्टर, फॉर्मा सेक्टर क्षेत्र को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। यह प्रेजेंटेशन तैयार करने में देश के 24 एक्सपर्ट्स की मदद ली गई है।
समापन के मौके पर आयोजित तीसरे सत्र में फॉस्टरिंग एक्सपोर्ट्स फ्रॉम MP, सोशल इन्फ्रास्ट्रक्चर फाइनेंसिंग, एक्सेस मध्यप्रदेश कम्प्लीट बिजनेस सॉल्यूशन और इंडिया-इजराइल, USA और UAE समूह ने चर्चा की।
इधर, सत्र शुरू होने के पहले सीएम से देश की कई बड़ी कंपनियों के डायरेक्टर, सीईओ और एमडी से निवेश के बारे में चर्चा की। व्यापार को बढ़ावा देने के लिए भारतीय इंजीनियरिंग निर्यात संवर्धन परिषद और मप्र सरकार के बीच भी एमओयू साइन हुए।
सीएम से शाही एक्सपोर्ट के हरीश आहूजा, बोस्टन सेंटर ऑफ एक्सीलेंस फॉर हेल्थ एंड ह्यूमेन डेवलपमेंट के को-फाउंडर पारामित माकोडे, नीदरलैंड्स के एंबेसेडर, इंडियन एक्सपोर्ट के ऑर्गेनाइजेशन के प्रतिनिधिमंडल, टेक्समो पाइप के सीईओ मोहित अग्रवाल, श्याम मैटेलिक्स के आदित्य अग्रवाल, E20 इनवेस्टमेंट लि. के परमेंद्र गर्ग ने भी सीएम से मुलाकात की।
GIS में किसने क्या कहा?

मुख्यमंत्री से इंदौर में ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट के दूसरे दिन एशियन पेंट्स के ग्रुप हेड कॉर्पोरेट अफेयर्स अमित सिंह ने मुलाकात कर प्रदेश में निवेश संबंधी चर्चा की। इसके साथ ही EEPC समूह के चेयरमैन अरुण गरोड़िया ने मुलाकात की। सीएम से rackbank के सीईओ नरेंद्र सेन ने निवेश संबंधी चर्चा की।