भोपाल।
मध्यप्रदेश में औद्योगिक निवेश के नए अवसर तलाशने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव गुरुवार,
22 अक्टूबर को मुंबई में आयोजित होने वाले India Chem 2026 के उद्घाटन सत्र में शामिल होंगे।
सरकार का फोकस रसायन और पेट्रोकेमिकल उद्योग से जुड़े निवेशकों के सामने मध्यप्रदेश की संभावनाएं,
औद्योगिक अधोसंरचना और नीतिगत सुविधाएं रखने पर रहेगा।
यह सम्मेलन राज्य के लिए अंतरराष्ट्रीय उद्योग जगत से संपर्क बढ़ाने और
संभावित कारोबारी साझेदारियां तलाशने का मंच बन सकता है।
22 से 24 अक्टूबर तक आयोजित होने वाला 14वां इंडिया केम सम्मेलन भारत सरकार के रसायन
एवं पेट्रोकेमिकल विभाग और फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर्स ऑफ
कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (फिक्की) के संयुक्त तत्वावधान में हो रहा है।
इसमें उद्योग जगत के प्रतिनिधि, निवेशक, तकनीकी विशेषज्ञ और नीति निर्माता शामिल होंगे।
सम्मेलन की थीम ‘एडवांटेज भारत: उभरता वैश्विक केमिकल हब’ रखी गई है।
निवेशकों के सामने रखेंगे MP की औद्योगिक संभावनाएं
मुख्यमंत्री डॉ. यादव सम्मेलन में मध्यप्रदेश में रसायन एवं पेट्रोकेमिकल क्षेत्र के लिए उपलब्ध निवेश अवसरों को सामने रखेंगे।
इस उद्योग का संबंध विनिर्माण, औद्योगिक आपूर्ति श्रृंखला, मशीनरी, कृषि रसायन और कई सहायक उद्योगों से है।
ऐसे में निवेश की संभावनाएं तलाशने का असर केवल बड़ी औद्योगिक इकाइयों तक सीमित नहीं,
बल्कि उनसे जुड़े दूसरे कारोबारों पर भी पड़ सकता है।
हालांकि, सम्मेलन में राज्य की संभावनाएं प्रस्तुत करना और वास्तविक निवेश
प्रस्तावों का जमीन पर उतरना अलग-अलग चरण हैं।
निवेश की राशि, नई इकाइयों की संख्या या रोजगार सृजन के संबंध में
फिलहाल कोई निश्चित आंकड़ा घोषित नहीं किया गया है।
100 से अधिक देशों के प्रतिनिधियों के जुटने की उम्मीद
आयोजकों के अनुसार, इंडिया केम 2026 में 100 से अधिक देशों की भागीदारी, 200 से अधिक प्रदर्शकों
और 8,000 से ज्यादा कारोबारी आगंतुकों के आने की उम्मीद है।
जापान इस संस्करण का साझेदार देश होगा।
सम्मेलन में वैश्विक कंपनियों के साथ कारोबारी सहयोग, तकनीकी साझेदारी
और निवेश के अवसरों पर चर्चा की जाएगी।
मध्यप्रदेश के लिए इस मंच का महत्व इसलिए भी है कि यहां राज्य की औद्योगिक क्षमता और
निवेश संबंधी अवसरों को अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के सामने रखा जा सकता है।
संभावित निवेश को आकर्षित करने के लिए उद्योगों की जरूरतों, लॉजिस्टिक्स,
बुनियादी सुविधाओं और नीतिगत व्यवस्था से जुड़े पहलू अहम होंगे।
पहले दिन CEO फोरम और अंतरराष्ट्रीय कारोबारी संवाद
सम्मेलन के पहले दिन उद्घाटन सत्र के साथ प्रदर्शनी, मुख्य कार्यपालक अधिकारियों (CEO)
का फोरम और कारोबारी नेटवर्किंग कार्यक्रम आयोजित होंगे।
भारत-अमेरिका, भारत-जापान और भारत-यूरोपीय संघ सहित विभिन्न अंतरराष्ट्रीय मंचों
पर व्यापार और औद्योगिक सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा होगी।
इन सत्रों से कंपनियों को तकनीक, उत्पादन, आपूर्ति श्रृंखला और निवेश से जुड़े
संभावित साझेदारों से संपर्क करने का अवसर मिलेगा। मध्यप्रदेश के लिए भी ऐसे
संवाद औद्योगिक सहयोग के नए रास्ते तलाशने में उपयोगी हो सकते हैं।
विशेष रसायन से लेकर पर्यावरणीय तकनीक तक मंथन
23 अक्टूबर को सम्मेलन में विशेष रसायन, पेट्रोकेमिकल, कृषि रसायन, औद्योगिक अधोसंरचना,
पर्यावरण, संयंत्र एवं मशीनरी, पंप और वाल्व जैसे विषयों पर चर्चा होगी।
इन सत्रों में उत्पादन प्रक्रियाओं में सुधार, नई तकनीकों, पर्यावरणीय चुनौतियों और
उद्योगों की जरूरतों पर विचार किया जाएगा।
24 अक्टूबर को भी प्रदर्शनी और संबंधित गतिविधियां जारी रहेंगी।
रसायन और पेट्रोकेमिकल क्षेत्र में निवेश के लिए तकनीकी क्षमता के साथ पर्यावरणीय मानकों
और जरूरी औद्योगिक सुविधाओं का महत्व भी बढ़ रहा है।
इसलिए सम्मेलन में होने वाला संवाद संभावित निवेशकों की अपेक्षाओं को समझने और
राज्य के अवसरों को उनके अनुरूप प्रस्तुत करने का मौका देगा।
Keywords:
- मध्यप्रदेश में औद्योगिक निवेश (Industrial Investment in Madhya Pradesh)
- इंडिया केम 2026 (India Chem 2026)
- मोहन यादव मुंबई दौरा (Mohan Yadav Mumbai Visit)
- मध्यप्रदेश केमिकल उद्योग (Madhya Pradesh Chemical Industry)
- पेट्रोकेमिकल निवेश (Petrochemical Investment)
- MP में निवेश के अवसर (Investment Opportunities in MP)
- मध्यप्रदेश औद्योगिक विकास (Madhya Pradesh Industrial Development)
- वैश्विक निवेशक सम्मेलन (Global Investors Conference)