अबुजा: नाइजीरिया के सोकोटो राज्य में गुरुवार को एक दर्दनाक नाव हादसे में कम से कम 47 लोगों की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि नदी में यात्रियों से भरी नाव पलट गई, जिसके बाद बड़ी संख्या में लोग नदी में डूब गए। हादसे के बाद स्थानीय प्रशासन और बचाव दल ने राहत एवं खोज अभियान शुरू कर दिया है।
अधिकारियों के मुताबिक, नदी में अभी भी कई लोगों के लापता होने की आशंका है। ऐसे में मृतकों की संख्या बढ़ सकती है। बचाव दल लगातार नदी में तलाशी अभियान चला रहे हैं और लापता लोगों को खोजने की कोशिश की जा रही है।
खेतों में काम करने जा रहे थे लोग
जानकारी के अनुसार, नाव में सवार लोग गोरोन्यो लोकल गवर्नमेंट एरिया के गोराऊ शहर से खेतों में काम करने के लिए जा रहे थे। इसी दौरान नदी के बीच नाव अचानक पलट गई।
हादसे के समय नाव में कितने लोग सवार थे, इसकी सटीक जानकारी अभी सामने नहीं आई है। हालांकि, स्थानीय लोगों और अधिकारियों के अनुसार हादसे में महिलाओं और बच्चों की बड़ी संख्या में मौत हुई है।
स्थानीय व्यक्ति ने बताया दर्दनाक मंजर
55 वर्षीय स्थानीय निवासी समाइला गारबा ने बताया कि उन्होंने हादसे के बाद नदी से निकाले गए 42 शव देखे। उन्होंने कहा कि मृतकों में उनकी 13 वर्षीय पोती भी शामिल थी।
स्थानीय गवाहों के मुताबिक, हादसे के बाद घटनास्थल पर बेहद भयावह स्थिति थी। बड़ी संख्या में महिलाओं और बच्चों के डूबने की बात सामने आने से इलाके में शोक का माहौल है।
अधिकारी ने 47 मौतों की पुष्टि की
नेशनल इनलैंड वॉटरवेज अथॉरिटी के सोकोटो राज्य प्रबंधक अब्दुलकादिर यूसुफ ने हादसे की पुष्टि करते हुए बताया कि अब तक 47 लोगों की मौत हो चुकी है।
उन्होंने कहा कि हादसे के कारणों की अभी जानकारी नहीं मिल पाई है। राहत और बचाव दल नदी में लापता लोगों की तलाश कर रहे हैं। प्रशासन की ओर से अभियान को तेज किया गया है ताकि अधिक से अधिक लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा सके।
मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका
हादसे के बाद प्रशासन के सामने सबसे बड़ी चुनौती नदी में लापता लोगों की तलाश करना है। बचाव अभियान जारी रहने के साथ मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
नाइजीरिया में नदी परिवहन से जुड़े हादसे पहले भी सामने आते रहे हैं। ऐसे हादसों में नावों की क्षमता से अधिक यात्रियों का सवार होना, सुरक्षा उपकरणों की कमी और खराब मौसम जैसी परिस्थितियां जोखिम बढ़ा सकती हैं। हालांकि, सोकोटो के इस हादसे की वास्तविक वजह की आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है।