खंडवा जिले के काकरिया गांव निवासी रवींद्र करोडे लंबे समय से सरकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार और अनियमितताओं को उजागर करते रहे हैं।
रवींद्र का आरोप है कि 12 मई को वे जांच से जुड़े दस्तावेज और साक्ष्य जमा कर खरगोन से लौट रहे थे।
घटना के बाद जैतपुरा चौकी में अश्विन काग और उनके अन्य साथियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने बीएनएस की धारा 126(2),296(9),115(2),351(3) व 3(5) में अपराध कायम किया है।