भोपाल।
भोपाल के चर्चित ट्विशा शर्मा मौत मामले में कोर्ट ने दोबारा पोस्टमॉर्टम की मांग भले खारिज कर दी हो, लेकिन शव को माइनस 80 डिग्री सेल्सियस तापमान पर सुरक्षित रखने के आदेश ने जांच एजेंसियों के सामने नई चुनौती खड़ी कर दी है।
-80° तापमान पर शव रखने का आदेश, MP में सुविधा ही नहीं
दरअसल, कोर्ट ने सबूत सुरक्षित रखने के उद्देश्य से ट्विशा के शव को अत्यधिक कम तापमान में संरक्षित रखने को कहा है।
जबकि प्रदेश के किसी भी सरकारी अस्पताल या मेडिकल कॉलेज में ऐसी सुविधा उपलब्ध नहीं है।
एम्स भोपाल ने भी पुलिस को स्पष्ट कर दिया है कि उसकी मॉर्चुरी केवल माइनस 4 डिग्री तक ही तापमान बनाए रख सकती है।
जांच प्रक्रिया पर परिवार के गंभीर आरोप
ट्विशा के पिता नवनिधि शर्मा ने आरोप लगाया कि अपील और कानूनी प्रक्रिया में हुई देरी से शव की स्थिति प्रभावित हुई। जिससे अहम सबूत कमजोर पड़ सकते हैं। परिवार ने इसे न्याय प्रक्रिया पर बड़ा सवाल बताया है।
Short PM Report of AIIMS

















