रवि अवस्थी,भोपाल।
सिंगरौली विकास प्राधिकरण (SDA) में अध्यक्ष पद को लेकर बड़ा सियासी और प्रशासनिक विवाद खड़ा हो गया है।
भाजपा नेता वीरेंद्र गोयल को एसडीए का नया अध्यक्ष बनाए जाने का कथित आदेश सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। वहीं, मौजूदा अध्यक्ष दिलीप शाह ने इसे पूरी तरह फर्जी बताया।
उन्होंने कहा कि सरकार ने उन्हें हटाने का कोई आदेश जारी नहीं किया है। संगठन से भी इस्तीफे का कोई निर्देश नहीं मिला।
आगे कोई आदेश या निर्देश मिलते हैं तो वह तत्काल अपना पद छोड़ देंगे। सत्ता व संगठन ने उन्हें सिंगरौली विकास का अवसर दिया। इसके लिए वह दोनों के आभारी हैं।
बधाई से बने असमंजस के हालात
विवाद तब और बढ़ गया, जब नगरीय विकास एवं आवास विभाग ने वायरल आदेश को फर्जी करार दे दिया।
इसी बीच उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला( Rajendra Shukla) द्वारा वीरेंद्र गोयल को बधाई देने की तस्वीरें सामने आ गईं। इसके बाद सत्ता और संगठन के भीतर असमंजस की स्थिति बन गई।
वायरल आदेश से मचा सियासी हड़कंप
सिंगरौली विकास प्राधिकरण में नए अध्यक्ष की नियुक्ति संबंधी कथित आदेश सामने आने के बाद जिले की राजनीति गरमा गई। सोशल मीडिया पर वायरल आदेश में भाजपा नेता वीरेंद्र गोयल को नया अध्यक्ष बताया गया।
हालांकि नगरीय विकास विभाग ने स्पष्ट किया कि उसने ऐसा कोई आदेश जारी ही नहीं किया। विभाग के अनुसार सोशल मीडिया में प्रसारित दस्तावेज पूरी तरह फर्जी है। फर्जी आदेश में नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग लिखा है,जबकि इस विभाग का नया नाम नगरीय विकास एवं आवास विभाग है। आदेश जारी करने वाले को संभवतया इस बात का इल्म नहीं रहा होगा।
बधाई की तस्वीर ने बढ़ाया भ्रम
विभाग की सफाई से पहले उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला ने वीरेंद्र गोयल को मिठाई खिलाकर बधाई दी। यह तस्वीर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुई।
इतना ही नहीं, गोयल ने मीडिया से चर्चा में दावा किया कि उन्हें मुख्यमंत्री स्तर से भी शुभकामनाएं मिली हैं। विभाग के फर्जी आदेश वाले बयान के बाद यह पूरा घटनाक्रम सवालों के घेरे में आ गया।
14 मई को पदभार ग्रहण की तैयारी भी
सूत्रों के मुताबिक, कथित नियुक्ति आदेश सामने आने के बाद वीरेंद्र गोयल और उनके समर्थक एसडीए कार्यालय पहुंचे थे। उन्होंने प्राधिकरण के सीईओ को बदलाव की जानकारी देते हुए 14 मई को पदभार ग्रहण करने की तारीख तक तय कर दी थी।
लेकिन सीईओ ने यह कहते हुए उन्हें वापस लौटा दिया कि शासन से ऐसा कोई अधिकृत आदेश प्राप्त नहीं हुआ है। बताया जाता है कि गोयल से आदेश की प्रति भी मांगी गई, लेकिन वे कोई अधिकृत दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके।
भोपाल पहुंचे शाह, करेंगे शीर्ष नेतृत्व से मुलाकात
विवाद गहराने के बाद मौजूदा अध्यक्ष दिलीप शाह भोपाल पहुंच गए हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव (Dr.Mohan Yadav) और भाजपा प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल(Hemant Khandelwal ) से मुलाकात का प्रयास किया, लेकिन व्यस्तता के कारण मुलाकात नहीं हो सकी।
शाह ने कहा कि वे सोमवार को समय लेकर दोनों नेताओं को पूरे मामले की जानकारी देंगे। हालांकि उन्होंने यह भी दावा किया कि वे पारिवारिक कारणों से भोपाल आए हैं।
















