अग्‍न‍िपथ स्‍कीम को लेकर अख‍िलेश यादव ने भाजपा पर साधा न‍िशाना, बोले- बीजेपी उन समर्थकों की सूची जारी करे जो इस योजना में अपने बच्चों को भेज रहे

लखनऊ
समाजवादी पार्टी के मुखि‍या अख‍िलेश यादव ने केन्‍द्र सरकार की नई सैन्‍य भर्ती योजना अग्‍न‍िपथ को लेकर एक बार फि‍र भाजपा को घेरा। अख‍िलेश ने कहा क‍ि भाजपा को युवाओं का अपमान बंंद करना चाह‍िए। ज‍िस तरह भाजपा अग्‍नि‍पथ स्‍कीम के फायदे ग‍िनवाने में लगी है उससे तो अच्‍छा होगा क‍ि भाजपा के ज‍िन सदस्‍यों ने इस योजना में अपने बच्‍चों को भेजा है उसकी ल‍िस्‍ट जारी कर देनी चाह‍िए। अख‍िलेश ने ट्वीट कर कहा क‍ि, 'भाजपा जिस तरह अपने समर्थकों से ‘अग्निवीर’ के तथाकथित फायदे गिनवाने में लगी है, उससे अच्छा होगा कि भाजपा अपने उन सदस्यों-समर्थकों की सूची जारी करे जो इस योजना में अपने बच्चों को भेज रहे हैं। प्रवचन देने से अच्छा है भाजपाई खुद उदाहरण पेश करें। भाजपा युवाओं का अपमान बंद करे।'

इससे पहले सपा प्रमुख अख‍िलेश यादव ने कहा था कि भाजपा का रवैया शुरू से ही किसान व नौजवान विरोधी रहा है। सैन्य भर्ती में खानापूर्ति करने वाला जो लापरवाह रुख अपनाया जा रहा है, वह देश के युवाओं में आक्रोश पैदा कर रहा है। चारों ओर हो रहा विरोध यह दर्शा रहा है कि भाजपा ने जनाधार खो दिया है। सपा अध्यक्ष ने सोमवार को जारी बयान में कहा कि अग्निपथ की नीति सरकार ने बनाई है, इसलिए सरकार और सत्ताधारी दल के प्रवक्ता किसी और को आगे न करें। अमीर उद्योगपतियों की आय की सुरक्षा से अधिक देश की सुरक्षा जरूरी है। इसलिए जो भी बजट कम पड़ रहा है, सरकार कारपोरेट पर अतिरिक्त कर लगाए, देश की सुरक्षा के साथ समझौता न करें। ठेकेदारी प्रथा सच्चे देशभक्त युवकों के साथ विश्वासघात है।अखिलेश ने कहा कि युवा शक्ति का इस्तेमाल रचनात्मक होना चाहिए। राष्ट्र निर्माण में युवाओं की सकारात्मक भूमिका होनी चाहिए। सरकारों का दायित्व देश के वर्तमान को सुधारना और भविष्य को संवारना होता है।

फौज में युवाओं के रोजगार की तमाम संभावनाएं हैं। फौज में उनकी संख्या में वृद्धि हो, ऐसे में पहले जैसी सेना भर्ती प्रक्रिया लागू होनी चाहिए। नौजवानों की आशंकाओं का निराकरण किया जाना चाहिए। यह भी स्पष्ट होना चाहिए कि भाजपा देश के लिए सैन्य बल तैयार करने में रूचि रखती है या अपने भाजपा कार्यालयों के लिए सिक्योरिटी गार्ड की ट्रेनिंग दिलवाने की योजना लागू करने जा रही है। सपा मुख‍िया ने कहा था कि भाजपा सरकार की सेना में भर्ती की नई योजना ‘अग्निपथ‘ के प्रति नौजवानों में व्यापक आक्रोश दिखाई दे रहा है। देश-प्रेम की भावना के साथ मेहनत कर कई वर्षों से तैयारी करने वाले युवाओं को सेना में भर्ती के नाम पर भाजपा सरकार ने चार साल का धोखा दिया है। सरकार के खिलाफ युवा शक्ति का एकजुट होना साबित करता हैं कि इनके सब्र का बांध टूट गया है।

सत्ता के नशे में चूर भाजपा सरकार को यह दिखाई नहीं दे रहा है कि देश के कई प्रदेशों में भड़की विरोध की ज्वाला युवा विरोधी सत्ता को भस्म कर देगी।अखिलेश ने कहा कि पिछले कई साल से सेना में भर्ती नहीं हो पाई है। जो भर्तियां हुईं वह भी कोविड से प्रभावित हो गईं। अब उन्हें निरस्त किया जा रहा है। इसमें जो लोग पास हो चुके हैं, जिनका मेडिकल हो चुका है, उन्हें भी अब चार साल के लिए नौकरी मिलेगी। फिर चार साल के बाद क्या होगा ? यह घोर अन्याय है। अखिलेश ने कहा था कि आज देश की स्थिति इतनी विकराल है कि सेना जैसी अति संवेदनशील जगह में संविदा पर सैनिक रखे जा रहे हैं। सपा अध्यक्ष ने सरकार से प्रश्न किया कि विवादित भर्ती योजना ‘अग्निपथ‘ से नौजवानों के भविष्य के साथ खिलवाड़ क्यों किया जा रहा है? देश की सुरक्षा कोई अल्पकालिक या अनौपचारिक विषय नहीं है। यह अति गंभीर और दीर्घकालिक नीति की अपेक्षा करती है।