भोपाल। मंत्रालय में भीषण आग के कारणों की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट शासन को सौंप दी गई है। प्रारंभिक जांच में शार्ट सर्किट से आग लगने के कारण बताए जा रहे हैं। हालांकि जांच समिति अभी ओर भी तथ्यों की बारीकी से जांच कर रही है। तकनीकी और सुरक्षा दोनों ही दृष्टि से जांच की जा रही है। अग्निकांड से हुए नुकसान का जायजा लेने के बाद पुरानी बिल्डिंग का रिनोवेशन कार्य शुरू हो गया है।
हालांकि अब भी पुरानी बिल्डिंग में विद्युत और पानी सप्लाई की समस्या बनी हुई है। मंत्रालय में नौ मार्च को हुए अग्रिकांड के बाद पीडब्ल्यूडी के प्रमुख सचिव डीपी आहूजा अपनी टीम सहित पुरानी बिल्डिंग में हुए नुकसान का जायजा लेने पहुंचे थे। टीम ने आग से प्रभावित सभी हिस्सों को जाकर देखा था। इनमें चौथे-पांचवे तल को अधिक नुकसान हुआ है।
इधर मुख्यमंत्री स्वेच्छानुदान का कक्ष आग की चपेट में आने के बाद स्वेच्छानुदान के लिए आवेदन देने वाले भी परेशान हो रहे हैं।
मंत्रालय में आग की घटना की जांच के लिए अपर मुख्य सचिव मोहम्मद सुलेमान की अध्यक्षता में सात सदस्यीय समिति गठित की गई थी। समिति ने घटना के दूसरे दिन ही आग की सूचना सबसे पहले देने वाले पांच कर्मचारियों से पूछताछ की थी।